‘न्यू इंडिया’ के लिए ‘यंग इंडिया’ को मोदी का फॉर्मूला- ‘फॉलो द रूल एंड इंडिया विल रूल’

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स्वामी विवेकानंद के शिकागो भाषण की 125वीं वर्षगांठ के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली के विज्ञान भवन में कार्यक्रम को संबोधित किया. पीएम मोदी ने इस मौके पर युवाओं से सीधे संवाद किया तो वहीं न्यू इंडिया को लेकर कई मंत्र दिए. पीएम ने कहा कि जो लोग गंदगी फैलाते हैं, उन्हें वंदे मातरम कहने का हक नहीं है.

PM मोदी के भाषण की 10 बड़ी बातें…

1. स्वामी विवेकानंद की विदेश नीति वन एशिया थी, विश्व जब संकट में घिरा होगा तो एशिया की सबको रास्ता दिखाएगा. आज हर कोई कहता है ये सदी एशिया की होगी.

2. PM मोदी ने मंत्र दिया कि ‘फॉलो द रूल, इंडिया विल रूल’, जो समाज के लिए गलत है उसे छोड़ना होगा. क्या खाना क्या नहीं.

3. कॉलेज में स्टूडेंट डे मनाते हैं आज रोज डे है आज ये है… कुछ लोग इसके विरोधी हैं लेकिन मैं इसका विरोधी नहीं हूं. हमने रोबोट तैयार नहीं करने हैं, हमें अच्छे इंसान चाहिए. क्या कभी विचार आता है कि हरियाणा का कॉलेज तय करे कि आज तमिल डे मनाएंगे. दूसरे राज्यों की संस्कृति अपनाएं.

4. 2022 के लिए हमें नया संकल्प लेना होगा, जिससे हमारा जीवन बदलना चाहिए. छात्र राजनीति में चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार वादे करते हैं, लेकिन कभी ये नहीं कहते कि हम कैंपस साफ रखेंगे, फिर कहते हैं वंदे मातरम.

5. आज लोग मेक इन इंडिया का भी विरोध करते हैं, लेकिन विवेकानंद जी और जमशेद जी टाटा के बीच भारत में उद्योग लगाने को लेकर संवाद हुआ था. क्या खाना है, क्या नहीं खाना है ये हमारी परंपरा नहीं है.

6. एक बार मैंने बोला था कि पहले शौचालय, फिर देवालय तब मेरे बाल नौंच दिए थे. लेकिन आज कई बेटियां हैं जो कहती हैं कि शौचालय नहीं तो शादी नहीं करेंगे.

7. हम तो जय जगत वाले लोग हैं, कुएं के मेंढक नहीं है. जनशक्ति से भारत की विदेशों से छवि बदली है. हमें अपने गौरवगान से आगे बढ़ना चाहिए. जो बीते हुए कल में खोया रहता है, वो युवा नहीं है जो आने वाले कल के लिए सोचता है वो युवा है.

8. देश में भीख मांगने वाला इंसान भी तत्व ज्ञान से भरा है. स्वामी जी में आत्मसम्मान था. जब हम किसी अच्छी जगह पहुंच जाएं तो कहते हैं लगता नहीं कि हिंदुस्तान में हैं.

9. पीएम मोदी बोले कि विवेकानंद जी ने आइडिया को आइडिलिज्म में कनवर्ट किया. उन्होंने रामकृष्ण मिशन को जन्म दिया, लेकिन विवेकानंद मिशन को जन्म नहीं दिया.

10. पुराने समय में कितनी वो मान्यता कितनी भी बड़ी होगी, लेकिन अगर आज के समय में सही नहीं है तो उसे छोड़ना होगा